
उत्तर प्रदेश में अब नया बिजली कनेक्शन लेना उपभोक्ताओं के लिए महंगा हो गया है। पावर कॉर्पोरेशन ने प्रदेश भर में नए कनेक्शनों के लिए स्मार्ट प्रीपेड मीटर लगाना अनिवार्य कर दिया है। अभी तक जहां सिंगल फेज मीटर के लिए ₹872 और थ्री फेज मीटर के लिए ₹2,921 देने होते थे, वहीं अब नए नियमों के तहत सिंगल फेज स्मार्ट प्रीपेड मीटर के लिए ₹6,016 और थ्री फेज मीटर के लिए ₹11,341 खर्च करने होंगे।
पावर कॉर्पोरेशन के एमडी पंकज कुमार ने इस संबंध में सभी बिजली कंपनियों को आदेश जारी कर दिए हैं। इस फैसले से उपभोक्ता परिषद ने कड़ी नाराजगी व्यक्त की है और इसे असंवैधानिक बताया है। परिषद का कहना है कि यह निर्णय आम लोगों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ डालेगा, क्योंकि स्मार्ट मीटर की कीमत सामान्य मीटर की तुलना में कई गुना अधिक है।
हालांकि, यह भी साफ किया गया है कि जो उपभोक्ता अपने पुराने मीटर को बदलवाना चाहते हैं, उन्हें किसी तरह का शुल्क नहीं देना होगा। उनके पुराने मीटर को भी स्मार्ट प्रीपेड मीटर से ही बदला जाएगा। इस कदम का उद्देश्य बिजली व्यवस्था को और अधिक पारदर्शी बनाना और बिलिंग प्रक्रिया को आसान करना है, लेकिन इसका सीधा असर उन लोगों पर पड़ेगा जो पहली बार बिजली कनेक्शन के लिए आवेदन कर रहे हैं।



