32 साल पहले रवीना टंडन के इस कल्ट गाने पर भारत-पाक में छिड़ा था भयंकर विवाद
बॉलीवुड फिल्मों के संगीत पर दूसरे देशों की धुनों और गानों को कॉपी करने का आरोप नया नहीं है। लेकिन आज से ठीक 32 साल पहले, यानी साल 1994 में एक ऐसा संगीत विवाद खड़ा हुआ था जिसने सरहद के दोनों पार के संगीत प्रेमियों को आमने-सामने ला खड़ा किया था। यह विवाद किसी साधारण गाने को लेकर नहीं, बल्कि पाकिस्तान के महान और पूजनीय कव्वाल नुसरत फतेह अली खान (Nusrat Fateh Ali Khan) की एक बेहद पवित्र सूफी कव्वाली को बॉलीवुड का तड़कता-भड़कता डांस नंबर बनाने से जुड़ा था। इस कल्ट क्लासिक गाने के बोल से लेकर ओरिजिनल क्रेडिट देने तक को लेकर उस दौर में काफी हंगामा हुआ था।
रवीना टंडन पर फिल्माया गया था 'मस्त-मस्त' गाना, सूफी संत की रचना से चुराई गई थी धुन
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, साल 1994 में रिलीज हुई अक्षय कुमार और रवीना टंडन (Raveena Tandon) की ब्लॉकबस्टर फिल्म 'मोहरा' का सुपरहिट गाना 'तू चीज बड़ी है मस्त-मस्त' आज भी लोगों की जुबान पर रहता है। लेकिन इस गाने की धुन संगीतकार विजू शाह (Viju Shah) ने नुसरत फतेह अली खान की विश्व प्रसिद्ध कव्वाली 'दम मस्त-मस्त' से हूबहू कॉपी की थी। आपको बता दें कि यह कव्वाली कोई आम गाना नहीं है, बल्कि यह सूफी संत लाल शाहबाज कलंदर की शान में रची गई एक बेहद पवित्र और पारंपरिक रचना है, जिसे पाकिस्तान में सदियों से बड़ी श्रद्धा के साथ गाया जाता रहा है। नुसरत फतेह अली खान के अलावा इसे नूर जहां, आबिदा परवीन और साबरी ब्रदर्स जैसे दिग्गजों ने भी गाया है।
आनंद बख्शी के बदले बोल पर भड़के थे सूफी फैंस, कव्वाली के व्यवसायीकरण का हुआ था भारी विरोध
जब संगीतकार विजू शाह ने इस धुन को रीक्रिएट किया, तो दिग्गज गीतकार आनंद बख्शी ने सूफी संत की तारीफ में लिखे गए मूल पवित्र शब्दों को बदलकर उन्हें पूरी तरह से कमर्शियल और ग्लैमरस रंग दे दिया। जैसे ही 'मोहरा' फिल्म का यह गाना पर्दे पर रिलीज हुआ, सूफी संगीत को चाहने वाले प्रशंसकों का गुस्सा सातवें आसमान पर पहुंच गया। एक पवित्र और आध्यात्मिक रचना को बिना अनुमति और बिना क्रेडिट दिए एक तड़कते-भड़कते आइटम नंबर के रूप में पेश करने को लेकर भारत और पाकिस्तान दोनों देशों के संगीत प्रेमियों के बीच एक लंबी और तीखी बहस छिड़ गई थी।
'कॉपी कैट्स' पर नुसरत फतेह अली खान ने टीवी पर सरेआम मारा था करारा ताना
उस दौर में आज की तरह कड़े कॉपीराइट और म्यूजिक राइट्स के नियम नहीं हुआ करते थे, जिसका फायदा अक्सर भारतीय संगीतकार उठाते थे। इस पूरे विवाद पर खुद नुसरत फतेह अली खान ने साल 1996 में ज़ी टीवी को दिए एक पुराने और ऐतिहासिक इंटरव्यू में बेहद मजेदार लेकिन तीखा तंज कसा था। जब शो के होस्ट ने उनसे पूछा कि भारत का कौन सा म्यूजिक डायरेक्टर उनके गानों को सबसे बेहतरीन तरीके से कॉपी करता है, तो उन्होंने हंसते हुए तुरंत जवाब दिया था— "बेस्ट तो नहीं कहूंगा, लेकिन विजू शाह और अनु मलिक ने मेरे गानों की चोरी और नक़ल बहुत ही बेहतरीन तरीके से की है।" हालांकि, बड़े दिल के मालिक नुसरत साहब ने यह भी स्वीकार किया था कि 'तू चीज बड़ी है मस्त-मस्त' और फिल्म याराना का 'मेरा पिया घर आया' उनके मूल गीतों के सबसे पसंदीदा बॉलीवुड वर्जन हैं।