'ओम का हरी' का ट्रेलर रिलीज, रघुबीर यादव ने फिल्म में की अपनी मौत की भविष्यवाणी
भारतीय सिनेमा में जब भी संजीदा, जमीनी और किरदारों में जान फूंकने वाली फिल्मों की बात आती है, तो अभिनेता रघुबीर यादव का नाम सबसे ऊपर लिया जाता है। अपनी नायाब अदाकारी और सादगी से हर बार दर्शकों का दिल जीत लेने वाले रघुबीर यादव एक बार फिर एक बेहद दिलचस्प और अनोखी कहानी लेकर परदे पर आ रहे हैं। उनकी आगामी फिल्म ‘ओम का हरी’ का ऑफिशियल ट्रेलर रिलीज होते ही सोशल मीडिया पर छा गया है। ट्रेलर सामने आने के बाद से ही फिल्म की कहानी और इसके अनूठे प्लॉट को लेकर दर्शकों के बीच चर्चाओं का बाजार गर्म हो गया है। इस फिल्म में पिता और बेटे के रिश्ते के एक ऐसे अनछुए और खूबसूरत पहलू को दिखाया गया है, जो हंसाने के साथ-साथ आंखें नम करने की ताकत रखता है। ट्रेलर की शुरुआत ही एक ऐसे सस्पेंस और इमोशनल झटके के साथ होती है, जो दर्शकों को आखिरी तक अपनी स्क्रीन से बांधे रखने का वादा करती है। फिल्म के मेकर्स का दावा है कि यह किसी भी टिपिकल मसाला फिल्म से हटकर एक ऐसी पारिवारिक दास्तान है, जिसे हर उम्र के दर्शक अपने परिवार के साथ बैठकर देख सकेंगे।
जब एक पिता ने खुद कर दी अपनी मौत की भविष्यवाणी, ट्रेलर में छिपे हैं कई गहरे और हैरान करने वाले राज
‘ओम का हरी’ के ट्रेलर का सबसे बड़ा और चौंकाने वाला आकर्षण वह दृश्य है जिसमें मुख्य किरदार यानी अभिनेता रघुबीर यादव खुद अपनी मौत की भविष्यवाणी करते हुए नजर आते हैं। सोचिए, एक पिता अपने ही घर में, अपने बेटे और परिवार के सामने यह दावा करे कि वह अमुक दिन और समय पर इस दुनिया को अलविदा कह जाएगा, तो उस परिवार पर क्या बीतेगी। यह सिर्फ एक अजीबोगरीब बात नहीं है, बल्कि इसके पीछे एक गहरा मनोवैज्ञानिक, सामाजिक और भावनात्मक ताना-बाना बुना गया है। ट्रेलर में दिखाया गया है कि कैसे इस भविष्यवाणी के सामने आने के बाद घर का माहौल पूरी तरह से बदल जाता है। बेटा अपने पिता को इस अजीब वहम या सच्चाई से बाहर निकालने की जद्दोजहद में जुट जाता है, और इसी कशमकश के बीच पिता-बेटे की खट्टी-मीठी नोंकझोक शुरू होती है। यह अनोखा प्लॉट दर्शकों के मन में यह उत्सुकता पैदा कर रहा है कि आखिर इस कहानी का क्लाइमेक्स क्या होगा और क्या वाकई वह भविष्यवाणी सच साबित होगी या इसके पीछे कोई और बड़ा राज छिपा है।
पिता और बेटे के रिश्ते की खट्टी-मीठी नोकझोक, जो हंसाएगी भी और रुलाएगी भी
भारतीय परिवारों में पिता और पुत्र का रिश्ता हमेशा से ही एक खास किस्म के संकोच, सम्मान और अनकहे प्यार से बंधा होता है। कई बार पीढ़ियों के अंतर (Generation Gap) के कारण दोनों के विचार आपस में नहीं मिलते, जिससे घर में एक अजीब सी खामोशी या अनबन बनी रहती है। फिल्म ‘ओम का हरी’ इसी नाजुक रिश्ते को बेहद सहजता, गहराई और बेहतरीन ह्यूमर के साथ परदे पर उतारती है। ट्रेलर में कई ऐसे दृश्य देखने को मिलते हैं जहाँ पिता और बेटे के बीच की नोंकझोक दर्शकों के चेहरे पर मुस्कान ले आती है, तो तुरंत बाद ही एक ऐसा इमोशनल सीन आ जाता है जो दिल को झकझोर कर रख देता है। रघुबीर यादव ने अपने किरदार में जिस तरह की सहजता और परिपक्वता दिखाई है, वह यह साबित करती है कि उनसे बेहतर इस भूमिका को कोई और न्याय नहीं दे सकता था। निर्देशक ने कहानी को जटिल बनाने के बजाए इसे बेहद सरल और मानवीय संवेदनाओं से जोड़ा है, ताकि सिनेमा हॉल से बाहर निकलते वक्त हर दर्शक के जेहन में अपने परिवार और पिता के साथ बिताए गए पल ताजा हो जाएं।
सोशल मीडिया पर मिल रहा जबरदस्त रिस्पांस, रिलीज से पहले ही फिल्म को लेकर बढ़ी दर्शकों की उत्सुकता
जैसे ही ‘ओम का हरी’ का ट्रेलर इंटरनेट पर जारी किया गया, फिल्म समीक्षकों और आम दर्शकों ने इसकी जमकर तारीफ करनी शुरू कर दी। यूट्यूब और ट्विटर पर इस ट्रेलर को लेकर पॉजिटिव प्रतिक्रियाओं की बाढ़ आ गई है, और लोग कह रहे हैं कि बॉलीवुड को आज के दौर में ऐसी ही मौलिक और कंटेंट-डिवेन फिल्मों की सबसे ज्यादा जरूरत है। आज के समय में जब ज्यादातर फिल्में बड़े एक्शन सीक्वेंस और भव्य सेटों के इर्द-गिर्द घूमती हैं, ऐसे में एक छोटे शहर की पृष्ठभूमि पर बनी यह कहानी ताजगी का अहसास कराती है। फिल्म के गाने, बैकग्राउंड म्यूजिक और सिनेमैटोग्राफी भी ग्रामीण और शहरी संस्कृति के उस अनूठे मेल को दर्शाती है जो कहानी को और अधिक प्रामाणिक बनाता है। ट्रेड एनालिस्ट्स का मानना है कि भले ही यह एक छोटे बजट की फिल्म है, लेकिन मजबूत वर्ड-ऑफ-माउथ पब्लिसिटी के दम पर यह बॉक्स ऑफिस पर बड़ा सरप्राइज दे सकती है। फिल्म की रिलीज की तारीख नजदीक आते ही फैंस के बीच इसे लेकर एक्साइटमेंट लगातार सातवें आसमान पर पहुंच रही है।