'सीआईडी' फेम दया ने खोला मनोरंजन जगत का सबसे अजीब और चौंकाया देने वाला राज

'सीआईडी' फेम दया ने खोला मनोरंजन जगत का सबसे अजीब और चौंकाया देने वाला राज

टेलीविजन के इतिहास में सबसे लंबे समय तक चलने वाले और घर-घर में अपनी एक अलग पहचान बनाने वाले लोकप्रिय क्राइम इन्वेस्टिगेशन शो 'सीआईडी' (CID) में दया का प्रतिष्ठित और दमदार किरदार निभाकर देश भर के बच्चों से लेकर बड़ों तक के चहेते बनने वाले मशहूर अभिनेता दयानंद शेट्टी (Dayanand Shetty) ने हाल ही में एक ऐसा सनसनीखेज और दिलचस्प खुलासा किया है, जिसने मनोरंजन जगत की चकाचौंध के पीछे छिपी एक बिल्कुल ही अलग दुनिया से पर्दा उठा दिया है। दयानंद शेट्टी ने अपने एक हालिया इंटरव्यू के दौरान फिल्मी और टीवी इंडस्ट्री के बड़े-बड़े सितारों के अजीबोगरीब नखरे और उनके पालतू जानवरों (Pets) के प्रति दिखाए जाने वाले वीआईपी ट्रीटमेंट के बारे में खुलकर बात की है। अभिनेता ने हैरानी जताते हुए बताया है कि आजकल शूटिंग सेट पर केवल स्टार्स ही नहीं आते, बल्कि उनके साथ उनके लाड़ले कुत्ते भी शाही अंदाज में पहुंचते हैं, जिनकी देखभाल के लिए अलग से नैनियां (Nannies) रखी जाती हैं और उनके मेकअप तथा खानपान पर पानी की तरह पैसा बहाया जाता है। इस चौंकाने वाले खुलासे के सामने आने के बाद से सोशल मीडिया पर बहस छिड़ गई है कि क्या वाकई ग्लैमर की दुनिया अब आम इंसानों की समझ से परे जा चुकी है, जहां जानवरों को मिलने वाली सुविधाएं भी आम आदमी के जीवन स्तर से कई गुना ज्यादा बेहतर होती हैं।

दयानंद शेट्टी का बड़ा बयान: शूटिंग सेट पर अब स्टार्स के साथ पहुंचती है पालतू कुत्तों की फौज

दयानंद शेट्टी ने अपने लंबे करियर के अनुभवों को साझा करते हुए बताया कि जब वे इंडस्ट्री में नए थे और शुरुआती दिनों में शूटिंग किया करते थे, तब का माहौल और आज के समय के कामकाजी माहौल में जमीन-आसमान का फर्क आ चुका है। पहले के समय में कलाकार अपनी वफादारी और काम के प्रति समर्पण के लिए जाने जाते थे, लेकिन आजकल के आधुनिक स्टार्स जब अपने आलीशान वैनिटी वैन के साथ सेट पर एंट्री लेते हैं, तो उनके साथ उनके पालतू डॉगीज़ का एक पूरा लावलश्कर भी साथ होता है। दया ने विशेष रूप से उल्लेख किया कि इन सेलिब्रिटी पेट्स के लिए सेट पर अलग से एसी वैनिटी या विश्राम कक्ष की मांग की जाती है, ताकि उन्हें किसी भी प्रकार की असुविधा न हो। यह पूरी संस्कृति अब फिल्म और टेलीविजन निर्माण का एक ऐसा हिस्सा बनती जा रही है जिसे देखकर कई बार पुराने दौर के कलाकार भी अचरज में पड़ जाते हैं कि आखिर स्टारडम की सीमाएं कहां जाकर खत्म होती हैं।

कुत्तों के लिए अलग नैनी और उनके रख-रखाव पर लाखों रुपये का बेहिसाब खर्च

दयानंद शेट्टी के इस खुलासे का सबसे चौंकाने वाला पहलू यह था कि इन स्टार्स के पालतू कुत्तों की देखभाल के लिए बाकायदा प्रोफेशनल नैनियां और हाउसकीपिंग स्टाफ नियुक्त किए जाते हैं, जिनका काम सिर्फ दिनभर उन जानवरों की सेवा करना होता है। इतना ही नहीं, अभिनेता ने यह भी बताया कि इन कुत्तों के ग्रूमिंग, विशेष खानपान और यहां तक कि शूटिंग के दौरान उनके लुक या मेकअप पर महीने के हिसाब से लाखों रुपये खर्च कर दिए जाते हैं। जब एक तरफ देश में गरीब और जरूरतमंद लोग अपनी बुनियादी जरूरतों के लिए संघर्ष करते हैं, तब दूसरी तरफ फिल्मी दुनिया के ये सितारे अपने पालतू जानवरों पर इतना बेहिसाब पैसा खर्च करते हैं, जो अपने आप में एक बहुत बड़ा और विचारणीय विषय बन चुका है। दया ने चुटीले अंदाज में लेकिन बेहद गंभीर बात कहते हुए यह जाहिर किया कि आज के दौर में जानवरों की जिंदगी भी कई इंसानों से ज्यादा वीआईपी और सुरक्षित हो चुकी है, बशर्ते वे किसी बड़े सेलेब्रिटी के घर में पल रहे हों।

सोशल मीडिया पर वायरल हुई दया की बातें और फैंस की मिली-जुली प्रतिक्रियाएं

दयानंद शेट्टी द्वारा दिए गए इस साक्षात्कार के क्लिप्स जैसे ही सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर अपलोड हुए, वैसे ही इंटरनेट पर मीम्स और कमेंट्स की बाढ़ आ गई। फैंस और आम यूजर्स ने इस पर अपनी तीखी और मजेदार प्रतिक्रियाएं देते हुए यह लिखना शुरू कर दिया कि 'सीआईडी' के दया दरवाजा तोड़ने के लिए जाने जाते थे, लेकिन इस बार उन्होंने इंडस्ट्री के अजीबोगरीब रहस्यों का दरवाजा ही खोल दिया है। कुछ यूजर्स ने सेलेब्रिटी कल्चर की इस अति-विलासिता की आलोचना की और इसे पैसों की बर्बादी बताया, तो वहीं कुछ एनिमल लवर्स ने यह भी कहा कि अगर कोई अपने पालतू जानवर से प्यार करता है और उसकी देखभाल पर खर्च कर रहा है, तो इसमें किसी को आपत्ति नहीं होनी चाहिए। इसके बावजूद, यह बात तो तय है कि दयानंद शेट्टी के इस बेबाक बयान ने मनोरंजन जगत की अंदरूनी सच्चाई को जनता के सामने लाने का एक बहुत बड़ा काम किया है, जिस पर आने वाले कई दिनों तक चर्चा होती रहेगी।

भारतीय मनोरंजन उद्योग की बदलती कार्यशैली और स्टार्स के बदलते नखरे

दयानंद शेट्टी का यह बयान केवल एक मजेदार किस्सा नहीं है, बल्कि यह इस बात का भी आईना है कि कैसे भारतीय एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री धीरे-धीरे हॉलीवुड कल्चर की तर्ज पर अत्यधिक पश्चिमी और वीआईपी संस्कृति को अपनाती जा रही है। जहां एक ओर छोटे कलाकार और जूनियर आर्टिस्ट्स आज भी अपनी मेहनत की एक-एक पाई के लिए कड़ा संघर्ष करते हैं, वहीं दूसरी ओर स्टार्स के पेट्स के खर्चे आसमान छू रहे हैं। यह असमानता और विलासिता का यह स्तर अक्सर इस बात पर सवाल खड़े करता है कि क्या सिनेमाई सफलता इंसान को जमीन से काटकर किसी काल्पनिक और असाधारण दुनिया में ले जाती है। दया जैसे अनुभवी और जमीन से जुड़े कलाकार जब इस तरह की सच्चाई खुलकर बयां करते हैं, तो वे समाज को यह सोचने पर मजबूर कर देते हैं कि चमक-दमक के पीछे की असल दुनिया कैसी होती है।

भविष्य के प्रोजेक्ट्स और दया के बेबाक अंदाज की हमेशा रहने वाली लोकप्रियता

दयानंद शेट्टी अपनी सादगी, बेहतरीन फिटनेस और अपने किरदार के प्रति निष्ठा के लिए हमेशा से दर्शकों के चहेते रहे हैं, और उनके द्वारा इस तरह की बेबाक बातें रखना यह साबित करता है कि वे आज भी उतने ही जमीन से जुड़े हुए हैं जितने अपने करियर की शुरुआत में थे। 'सीआईडी' शो की लोकप्रियता आज भी लोगों के दिलों में बरकरार है, और दया का यह ताजा इंटरव्यू उनके प्रशंसकों के बीच उनके प्रति सम्मान को और अधिक बढ़ा गया है। आने वाले समय में जब भी सेलिब्रिटी संस्कृति और उनके अजीबो-गरीब नखरे की बात होगी, तब-तब दयानंद शेट्टी द्वारा किए गए ये खुलासे एक मिसाल के रूप में याद रखे जाएंगे, जो मनोरंजन जगत की चकाचौंध के बिल्कुल अलग चेहरे को बेनकाब करते हैं।