केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने गुजरात के 25 साल के स्वर्णिम सफर की गिनाईं बड़ी उपलब्धियां

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने गुजरात के 25 साल के स्वर्णिम सफर की गिनाईं बड़ी उपलब्धियां

भारतीय राजनीति के फलक पर पिछले ढाई दशकों के दौरान यदि किसी एक राज्य के विकास मॉडल ने सबसे ज्यादा सुर्खियां बटोरी हैं और पूरे देश के लिए एक प्रेरणा स्रोत का काम किया है, तो वह निस्संदेह गुजरात का 'सुशासन मॉडल' है। देश की राजधानी नई दिल्ली में आयोजित एक अत्यंत महत्वपूर्ण और भव्य कार्यक्रम के दौरान केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाले इस विकास मॉडल की जमकर सराहना की और इसके 25 वर्षों के शानदार सफर की बेजोड़ उपलब्धियों को देश के सामने रखा। अमित शाह ने अपने संबोधन में विस्तार से बताया कि कैसे साल 2001 में जब नरेंद्र मोदी ने गुजरात की कमान संभाली थी, तब राज्य प्राकृतिक आपदाओं, दंगों और आर्थिक बदहाली के दौर से गुजर रहा था, लेकिन अपनी दूरदर्शिता, कड़े प्रशासनिक फैसलों और जनहितैषी नीतियों के दम पर उन्होंने न केवल गुजरात की तस्वीर पूरी तरह बदल दी, बल्कि उसी गवर्नेंस के फार्मूले को आज पूरे देश के विकास की धुरी बना दिया है। इस कार्यक्रम में देश भर से आए राजनीतिक दिग्गजों, नीति निर्माताओं और बुद्धिजीवियों ने हिस्सा लिया, जहां पिछले 25 वर्षों की विकास यात्रा को एक ऐतिहासिक दस्तावेज के रूप में रेखांकित किया गया।

गुजरात में 2001 से शुरू हुई बदलाव की दास्तान और सुशासन की नींव

कार्यक्रम के दौरान केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने उस दौर को याद किया जब 2001 में विनाशकारी भूकंप और लगातार सूखे जैसी गंभीर चुनौतियों से गुजरात जूझ रहा था। उस कठिन समय में तत्कालीन मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी ने पारंपरिक प्रशासनिक सुस्ती को दरकिनार करते हुए 'सुशासन' (Good Governance) को अपना मुख्य मंत्र बनाया। उन्होंने राज्य के हर वर्ग तक विकास का लाभ पहुंचाने के लिए पारदर्शिता, जवाबदेही और प्रौद्योगिकी के अधिकतम इस्तेमाल की संस्कृति को बढ़ावा दिया। अमित शाह ने बताया कि किस तरह बिजली, पानी, सड़क और स्वास्थ्य जैसे बुनियादी क्षेत्रों में क्रांति लाई गई। ज्योतिर्ग्राम योजना के जरिए राज्य के हर गांव तक 24 घंटे बिजली पहुंचाने का जो सपना नरेंद्र मोदी ने देखा था, वह आज पूरी दुनिया के लिए एक मिसाल बन चुका है। इसके अलावा, नर्मदा के पानी को रेगिस्तानी इलाकों और दूरदराज के खेतों तक पहुंचाने के लिए जिस दृढ़ इच्छाशक्ति का परिचय दिया गया, उसी का परिणाम है कि आज गुजरात कृषि और औद्योगिक उत्पादन दोनों ही मोर्चों पर देश के अग्रणी राज्यों में शुमार है।

सहकारिता, महिला सशक्तिकरण और इंफ्रास्ट्रक्चर के क्षेत्र में ऐतिहासिक छलांग

पिछले 25 वर्षों की उपलब्धियों का जिक्र करते हुए गृह मंत्री ने विशेष रूप से सहकारिता आंदोलन, महिला सशक्तिकरण और आधुनिक बुनियादी ढांचे (Infrastructure) के विकास पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के मार्गदर्शन में गुजरात ने देश को यह दिखाया है कि कैसे सरकारी योजनाओं को बिना किसी भ्रष्टाचार के सीधे जरूरतमंदों तक पहुंचाया जा सकता है। महिलाओं की सुरक्षा और उनके आर्थिक उत्थान के लिए उठाए गए कदमों ने समाज में एक नई चेतना पैदा की है। राज्य में एक्सप्रेसवे का जाल, गिफ्ट सिटी (GIFT City) जैसी विश्वस्तरीय वित्तीय परियोजनाएं, धोलेरा स्मार्ट सिटी और समुद्र तटीय बंदरगाहों के आधुनिकीकरण ने गुजरात को वैश्विक निवेशकों की पहली पसंद बना दिया है। अमित शाह ने आंकड़ों के हवाले से बताया कि कैसे आज गुजरात का मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर और स्टार्टअप इकोसिस्टम देश की जीडीपी में सबसे बड़ा योगदान देने वाले स्तंभों में से एक बन चुका है, जो इस बात का प्रमाण है कि दूरदर्शी नेतृत्व किसी भी पिछड़ी हुई व्यवस्था को फर्श से अर्श तक पहुंचा सकता है।

गुजरात मॉडल का राष्ट्रीय फलक पर विस्तार और भविष्य का भारत

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा गुजरात की धरती पर तैयार किया गया यह सुशासन मॉडल आज केवल एक राज्य तक सीमित नहीं है, बल्कि यह 'सबका साथ, सबका विकास' के मंत्र के साथ पूरे देश की नीतियों का आधार बन चुका है। केंद्रीय मंत्री अमित शाह ने अपने भाषण के अंत में यह विश्वास व्यक्त किया कि आने वाले वर्षों में विकसित भारत के निर्माण में भी इसी गवर्नेंस मॉडल की सबसे बड़ी भूमिका होगी। उन्होंने देश की युवा पीढ़ी और प्रशासनिक अधिकारियों से आह्वान किया कि वे इस 25 साल के स्वर्णिम इतिहास से प्रेरणा लें और राष्ट्र निर्माण के इस महायज्ञ में अपना पूर्ण योगदान दें। यह कार्यक्रम केवल गुजरात की उपलब्धियों का जश्न नहीं था, बल्कि यह इस बात का जीवंत दस्तावेज था कि कैसे अटूट निष्छलता, मजबूत राजनीतिक इच्छाशक्ति और राष्ट्र प्रथम की भावना के साथ काम करने पर असंभव लगने वाले लक्ष्य भी आसानी से हासिल किए जा सकते हैं।