SBI Strike Alert: अगले हफ्ते लगातार 2 दिन बंद रह सकते हैं स्टेट बैंक के कामकाज, 52 करोड़ ग्राहकों के लिए SBI ने जारी की बेहद जरूरी एडवाइजरी

SBI Strike Alert: अगले हफ्ते लगातार 2 दिन बंद रह सकते हैं स्टेट बैंक के कामकाज, 52 करोड़ ग्राहकों के लिए SBI ने जारी की बेहद जरूरी एडवाइजरी

देश के सबसे बड़े सरकारी बैंक, स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) के करोड़ों ग्राहकों के लिए एक बेहद जरूरी और चौंकाने वाली खबर सामने आ रही है। अगर आपको अगले हफ्ते बैंक से जुड़ा कोई भी जरूरी काम निपटाना है, तो उसे तुरंत ही प्लान कर लें। ऑल इंडिया स्टेट बैंक ऑफ इंडिया स्टाफ फेडरेशन ने अगले हफ्ते लगातार दो दिनों की देशव्यापी हड़ताल का एलान कर दिया है। इस प्रस्तावित हड़ताल के कारण बैंक की शाखाओं में कामकाज पूरी तरह से ठप होने की आशंका जताई जा रही है। बैंक यूनियन के इस बड़े कदम का सीधा असर देश के करीब 52 करोड़ ग्राहकों पर पड़ने वाला है। इस स्थिति की गंभीरता को देखते हुए एसबीआई मैनेजमेंट ने तुरंत एक्शन लेते हुए अपने करोड़ों ग्राहकों के लिए एक खास एडवाइजरी जारी की है।

जानिए अगले हफ्ते किन दो तारीखों पर ठप रह सकता है बैंक का कामकाज

एसबीआई स्टाफ फेडरेशन द्वारा दी गई आधिकारिक जानकारी के मुताबिक, बैंक कर्मचारियों की यह हड़ताल अगले हफ्ते सोमवार 25 मई और मंगलवार 26 मई 2026 को होने जा रही है। इन दो दिनों के दौरान देशभर में फैले एसबीआई के दफ्तरों और शाखाओं में सामान्य बैंकिंग सेवाएं बुरी तरह प्रभावित हो सकती हैं। चूंकि यह हड़ताल हफ्ते के शुरुआती दिनों में ही बुलाई गई है, इसलिए ग्राहकों को चेक क्लियरिंग, लोन पास कराने और ड्राफ्ट बनवाने जैसे कामों में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है। हालांकि, बैंक प्रशासन इस हड़ताल को टालने के लिए बीच का रास्ता निकालने की कोशिश में भी जुटा हुआ है।

एसबीआई ने सोशल मीडिया पर जारी की एडवाइजरी, ग्राहकों को दी ये खास सलाह

कर्मचारियों की इस दो दिवसीय प्रस्तावित हड़ताल को देखते हुए स्टेट बैंक ऑफ इंडिया ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' (पहले ट्विटर) पर एक पोस्ट शेयर करते हुए ग्राहकों के लिए जरूरी दिशा-निर्देश जारी किए हैं। बैंक ने साफ किया है कि हालांकि वे हड़ताल के दिनों में भी अपनी शाखाओं में जरूरी और बुनियादी बैंकिंग सुविधाएं सुचारू रूप से चालू रखने का हर संभव प्रयास कर रहे हैं, फिर भी ग्राहकों को असुविधा से बचने के लिए सतर्क रहना होगा। एसबीआई ने अपने 52 करोड़ ग्राहकों को सलाह दी है कि वे 25 और 26 मई को कैश निकालने के लिए बैंक शाखा जाने के बजाय नजदीकी एटीएम (ATM) का इस्तेमाल करें। इसके अलावा किसी भी तरह के पैसों के लेन-देन के लिए योनो (YONO) ऐप, मोबाइल बैंकिंग, इंटरनेट बैंकिंग और यूपीआई (UPI) जैसे डिजिटल चैनलों का अधिक से अधिक उपयोग करें ताकि उनका काम न रुके।

आखिर क्यों अचानक हड़ताल पर जा रहे हैं देश के सबसे बड़े बैंक के कर्मचारी?

स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के कर्मचारियों द्वारा बुलाई गई इस बड़ी हड़ताल के पीछे उनकी कई पुरानी और गंभीर मांगें शामिल हैं। फेडरेशन की तरफ से उठाए गए मुद्दों में सबसे बड़ा और मुख्य कारण बैंक के कई विभागों में बड़े पैमाने पर की जा रही 'आउटसोर्सिंग' है। कर्मचारी संगठन का साफ कहना है कि आउटसोर्सिंग के जरिए काम कराने से ग्रामीण क्षेत्रों, अनुसूचित जाति (SC), अनुसूचित जनजाति (ST), अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) और समाज के पिछले तबके से आने वाले युवाओं के लिए बैंक में सरकारी नौकरी पाने के मौके बेहद कम हो जाएंगे।

इसके अलावा फेडरेशन ने बैंक शाखाओं की सुरक्षा से खिलवाड़ का मुद्दा भी जोर-शोर से उठाया है। उनका कहना है कि पिछले कुछ समय में कर्मचारियों के रिटायरमेंट और प्रमोशन की वजह से शाखाओं पर तैनात बंदूकधारी गार्ड्स (Armed Guards) की संख्या में भारी गिरावट आई है, जिसे जल्द से जल्द भरा जाना चाहिए। इसके साथ ही एनपीएस (NPS) को लेकर भी कर्मचारियों में भारी नाराजगी है। उनका आरोप है कि सरकार की तरफ से अनुमति मिलने के बावजूद एसबीआई के कर्मचारी अपने एनपीएस अकाउंट के फंड मैनेजर को बदल नहीं पा रहे हैं, जिसके कारण उन्हें अन्य सरकारी बैंकों के कर्मचारियों के मुकाबले आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है।

कुछ राज्यों में हड़ताल के तुरंत बाद 2 दिन की और छुट्टी, बढ़ सकती है मुसीबत

ग्राहकों के लिए चिंता की बात सिर्फ 25 और 26 मई की हड़ताल ही नहीं है, बल्कि इसके तुरंत बाद देश के कई राज्यों में बैंकों में छुट्टियों का सिलसिला भी शुरू हो रहा है। कैलेंडर के मुताबिक, कई राज्यों में बकरीद आदि प्रमुख त्योहारों की वजह से 27 मई और 28 मई को भी बैंकों में सार्वजनिक अवकाश रहने वाला है। जिन प्रदेशों में इन तारीखों पर बैंक बंद रहेंगे, उनमें जम्मू और कश्मीर भी प्रमुख रूप से शामिल है। ऐसे में अगर इन राज्यों में हड़ताल का कोई समाधान समय रहते नहीं निकला, तो वहां लगातार चार दिनों तक बैंकों में ताले लटके रह सकते हैं, जिससे आम जनता की मुसीबतें काफी ज्यादा बढ़ सकती हैं

Tags: