सैफ अली खान की बहन सबा ने आज तक शादी क्यों नहीं की? दर्द बयां कर बोलीं- 'मेरा तो बहुत मन था लेकिन...'

सैफ अली खान की बहन सबा ने आज तक शादी क्यों नहीं की? दर्द बयां कर बोलीं- 'मेरा तो बहुत मन था लेकिन...'

नवाबों के पटौदी खानदान का हर सदस्य हमेशा से ग्लैमर की चकाचौंध और मीडिया की सुर्खियों में रहा है। चाहे बॉलीवुड के छोटे नवाब सैफ अली खान हों, उनकी बहन सोहा अली खान हों या फिर मां शर्मिला टैगोर, इस परिवार की निजी और पेशेवर जिंदगी हमेशा प्रशंसकों की दिलचस्पी का केंद्र रही है। हालांकि, इसी परिवार की एक सदस्य ऐसी भी हैं जो फिल्मी पर्दे और लाइमलाइट से कोसों दूर अपनी एक शांत और गरिमामय दुनिया में रहती हैं—सबा अली खान (Saba Ali Khan Pataudi)। 48 साल की हो चुकीं सबा ने आज तक शादी नहीं की है। उनके फैंस और फॉलोअर्स अक्सर यह सवाल पूछते रहे हैं कि एक इतने रसूखदार और संपन्न परिवार से ताल्लुक रखने के बावजूद वे अब तक सिंगल क्यों हैं। अब सबा अली खान ने खुद अपनी शादी न होने की असली वजह का खुलासा कर दिया है।

सबा अली खान ने सोशल मीडिया और एक हालिया बातचीत के दौरान अपने दिल की बात साझा करते हुए बताया कि ऐसा कतई नहीं था कि वे कभी शादी के बंधन में बंधना नहीं चाहती थीं या उन्हें परिवार बसाने का शौक नहीं था। उन्होंने साफ कहा कि उनका शादी करने का बहुत मन था, लेकिन जिंदगी की परिस्थितियों और सही जीवनसाथी न मिल पाने की वजह से यह फैसला कभी मुकम्मल नहीं हो सका।

'मेरा तो शादी करने का बहुत मन था': सबा ने बयां किया अनसुना दर्द

सबा अली खान ने खुलकर बात करते हुए कहा कि हर लड़की की तरह उनका भी सपना था कि उनका अपना एक भरा-पूरा परिवार हो, बच्चे हों और वे एक खुशहाल दांपत्य जीवन बिताएं। उन्होंने कहा, "मेरा तो बहुत मन था शादी करने का। मैं हमेशा से एक समर्पित पार्टनर और मां बनना चाहती थी। लेकिन कभी सही वक्त पर सही इंसान नहीं मिला, और जब कोई मिला भी तो बात उस मुकाम तक नहीं पहुंच पाई जहां जीवनभर का साथ तय हो सके।"

सबा ने इस बात पर जोर दिया कि केवल समाज के दबाव में आकर या उम्र का तकाजा देखकर किसी भी गलत रिश्ते में बंध जाना सबसे बड़ी भूल होती है। उन्होंने कहा कि बिना समझ और आपसी सम्मान के शादी करने से कहीं बेहतर है कि इंसान अकेले रहकर अपनी शर्तों पर शांति से जिए। उनके इस बेबाक और परिपक्व नजरिए की सोशल मीडिया पर लोग जमकर तारीफ कर रहे हैं।

लाइमलाइट से दूर ज्वेलरी डिजाइनिंग और औकाफ-ए-शाही की जिम्मेदारी

जहां भाई सैफ और बहन सोहा ने अभिनय की दुनिया को अपना करियर चुना, वहीं सबा अली खान ने हमेशा से अपनी एक अलग पहचान बनाई। वे एक पेशेवर और सफल ज्वेलरी डिजाइनर हैं और हीरों व रत्नों के अपने काम में काफी व्यस्त रहती हैं। इसके अलावा, सबा पटौदी परिवार की अरबों की शाही वक्फ संपत्तियों की कस्टोडियन भी हैं। वे भोपाल स्थित 'औकाफ-ए-शाही' (Aukaf-e-Shahi) की मुख्य मुतवल्ली (ट्रस्टी) के रूप में काम करती हैं, जो मक्का और मदीना में मौजूद गेस्ट हाउसों समेत कई ऐतिहासिक और धार्मिक धरोहरों की देखरेख करता है। यह एक बेहद जिम्मेदारी भरा प्रशासनिक पद है जिसे वे पूरी निष्ठा से संभालती हैं।

परिवार और भांजे-भांजियों की 'सुपर मासी और बुआ' हैं सबा

भले ही सबा ने अपनी निजी गृहस्थी न बसाई हो, लेकिन वे पूरे परिवार को एक धागे में पिरोकर रखने वाली कड़ी मानी जाती हैं। सोशल मीडिया पर सबा अपने परिवार की अनदेखी और ऐतिहासिक तस्वीरें साझा करने के लिए खासी लोकप्रिय हैं। वे तैमूर, जेह, इनाया, सारा अली खान और इब्राहिम अली खान की सबसे लाडली बुआ और मासी हैं। सबा का कहना है कि वे अपने भतीजे-भतीजियों और भांजी से इतना गहरा लगाव रखती हैं कि उन्हें कभी अकेलेपन का अहसास नहीं होता।

सबा के मुताबिक, जीवन हमेशा आपकी बनाई योजनाओं के मुताबिक नहीं चलता। जो चीजें हाथ में नहीं होतीं, उन पर अफसोस जताने के बजाय जो ईश्वर ने दिया है, उसमें खुश रहना ही असल जिंदगी है। सबा अली खान की यह सोच उन तमाम महिलाओं के लिए एक मिसाल है जो समाज के तय पैमानों के बजाय अपने आत्मसम्मान और गरिमा को प्राथमिकता देती हैं।