हिंदुओं को दशहरा मनाते देख खुशी से झूम उठे यहूदी
आज की भागदौड़ भरी दुनिया में जब हर तरफ तनाव और सरहदों की दूरियों की खबरें छाई रहती हैं, तब कुछ ऐसी तस्वीरें और वीडियो सामने आ जाते हैं जो दिल को गहरी राहत और सुकून से भर देते हैं। सोशल मीडिया के इस दौर में ऐसा ही एक बेहद प्यारा और मंत्रमुग्ध कर देने वाला वीडियो इजरायल से तेजी से वायरल हो रहा है, जिसे देखकर पूरी दुनिया के सनातन प्रेमियों और भारत के लोगों का सीना गर्व से चौड़ा हो गया है। इस वायरल वीडियो में इजरायल की धरती पर जब स्थानीय यहूदी समुदाय के लोगों ने भारतीय प्रवासियों और सनातन संस्कृति के अनुयायियों को पूरे विधि-विधान और उत्साह के साथ बुराई पर अच्छाई की जीत का पर्व दशहरा मनाते हुए देखा, तो उनकी खुशी का ठिकाना नहीं रहा। इस अद्भुत सांस्कृतिक मेल और अपनापन दिखाने वाले वीडियो ने इंटरनेट पर आते ही तहलका मचा दिया है और लोग इसे दोनों देशों के बीच की मजबूत होती सांस्कृतिक आत्मीयता का प्रतीक बता रहे हैं।
जब इज़राइल की सड़कों पर गूंजा सनातन का जोश और यहूदियों ने खुलकर साझा की अपनी खुशी
इस वायरल वीडियो के सामने आने के बाद से ही डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर चर्चाओं का बाजार गर्म हो गया है और लोग इस बात से बेहद रोमांचित हैं कि कैसे हज़ारों किलोमीटर दूर पश्चिम एशिया के एक यहूदी बहुल देश में भारतीय संस्कृति और पर्वों को इतना सम्मान और प्यार मिल रहा है। वीडियो में साफ तौर पर देखा जा सकता है कि कैसे इजरायल के अलग-अलग शहरों में रहने वाले भारतीय मूल के यहूदी और स्थानीय नागरिक मिलकर इस पावन पर्व के जश्न में शरीक हो रहे हैं। जब पारंपरिक तरीके से रावण दहन और दशहरा उत्सव की तैयारियां की गईं और लोगों ने एक-दूसरे को विजयादशमी की बधाइयां दीं, तो वहां के स्थानीय यहूदी भी इस आनंद में पूरी ऊर्जा के साथ शामिल हो गए। उनके चेहरों पर जो मुस्कान और अपनेपन का भाव दिखाई दे रहा था, वह किसी भी कूटनीतिक रिश्ते से कहीं ज्यादा गहरा और मानवीय है। विश्लेषकों का मानना है कि इस तरह के सांस्कृतिक आदान-प्रदान भारत और इजरायल के बीच की दोस्ती को कागजी दस्तावेजों से निकालकर सीधे आम जनता के दिलों तक पहुंचा रहे हैं, जहां भाषा और सरहदों की दीवारें स्वतः ही ढह जाती हैं और केवल मानवता तथा आपसी भाईचारा ही सर्वोपरि रह जाता है।